Ezekiel 21:31 in Hindi

Hindi Hindi Bible Ezekiel Ezekiel 21 Ezekiel 21:31

Ezekiel 21:31
और मैं तुझ पर अपना क्रोध भड़काऊंगा और तुझ पर अपनी जलजलाहट की आग फूंक दूंगा; ओर तुझे पशु सरीखे मनुष्य के हाथ कर दूंगा जो नाश करने में निपुण हैं।

Ezekiel 21:30Ezekiel 21Ezekiel 21:32

Ezekiel 21:31 in Other Translations

King James Version (KJV)
And I will pour out mine indignation upon thee, I will blow against thee in the fire of my wrath, and deliver thee into the hand of brutish men, and skilful to destroy.

American Standard Version (ASV)
And I will pour out mine indignation upon thee; I will blow upon thee with the fire of my wrath; and I will deliver thee into the hand of brutish men, skilful to destroy.

Bible in Basic English (BBE)
And I will let loose my burning passion on you, breathing out on you the fire of my wrath: and I will give you up into the hands of men like beasts, trained to destruction.

Darby English Bible (DBY)
And I will pour out mine indignation upon thee, I will blow upon thee the fire of my wrath, and give thee into the hand of brutish men, skilful to destroy.

World English Bible (WEB)
I will pour out my indignation on you; I will blow on you with the fire of my wrath; and I will deliver you into the hand of brutish men, skillful to destroy.

Young's Literal Translation (YLT)
And I have poured on thee Mine indignation, With fire of My wrath I blow against thee, And have given thee into the hand of brutish men -- artificers of destruction.

and
And
I
will
pour
וְשָׁפַכְתִּ֤יwĕšāpaktîveh-sha-fahk-TEE
out
upon
עָלַ֙יִךְ֙ʿālayikah-LA-yeek
indignation
זַעְמִ֔יzaʿmîza-MEE
mine
fire
the
in
בְּאֵ֥שׁbĕʾēšbeh-AYSH
thee
עֶבְרָתִ֖יʿebrātîev-ra-TEE
my
of
wrath,
blow
אָפִ֣יחַʾāpîaḥah-FEE-ak
will
I
thee,
עָלָ֑יִךְʿālāyikah-LA-yeek
against
and
וּנְתַתִּ֗יךְûnĕtattîkoo-neh-ta-TEEK
deliver
hand
the
into
בְּיַד֙bĕyadbeh-YAHD
thee
men,
אֲנָשִׁ֣יםʾănāšîmuh-na-SHEEM
of
בֹּֽעֲרִ֔יםbōʿărîmboh-uh-REEM
brutish
skilful
חָרָשֵׁ֖יḥārāšêha-ra-SHAY
to
destroy.
מַשְׁחִֽית׃mašḥîtmahsh-HEET

Cross Reference

Haggai 1:9
तुम ने बहुत उपज की आशा रखी, परन्तु देखो थेड़ी ही है; और जब तुम उसे घर ले आए, तब मैं ने उसको उड़ा दिया। सेनाओं के यहोवा की यह वाणी है, ऐसा क्यों हुआ? क्या इसलिये नहीं, कि मेरा भवन उजाड़ पड़ा है और तुम में से प्रत्येक अपने अपने घर को दौड़ा चला जाता है?

Nahum 1:6
उसके क्रोध का साम्हना कौन कर सकता है? और जब उसका क्रोध भड़कता है, तब कौन ठहर सकता है? उसकी जलजलाहट आग की नाईं भड़क जाती है, और चट्टानें उसकी शक्ति से फट फटकर गिरती हैं।

Ezekiel 14:19
यदि मैं उस देश में मरी फैलाऊं और उस पर अपनी जलजलाहट भड़का कर उसका लोहू ऐसा बहाऊं कि वहां के मनुष्य और पशु दोनों नाश हों,

Ezekiel 7:8
अब थोड़े दिनों में मैं अपनी जलजलाहट तुझ पर भड़काऊंगा, और तुझ पर पूरा कोप उण्डेलूंगा और तेरे चालचलन के अनुसार तुझे दण्ड दूंगा। और तेरे सारे घिनौने कामों का फल तुझे भुगताऊंगा।

Jeremiah 6:22
यहोवा यों कहता है, देखो, उत्तर से वरन पृथ्वी की छोर से एक बड़ी जाति के लोग इस देश के विरोध में उभारे जाएंगे।

Jeremiah 4:7
एक सिंह अपनी झाड़ी से निकला, जाति जाति का नाश करने वाला चढ़ाई कर के आ रहा है; वह कूच कर के अपने स्थान से इसलिये निकला है कि तुम्हारे देश को उजाड़ दे और तुम्हारे नगरों को ऐसा सुनसान कर दे कि उन में कोई बसने वाला न रहने पाए।

Isaiah 30:33
बहुत काल से तोपेत तैयार किया गया है, वह राजा ही के लिये ठहराया गया है, वह लम्बा चौड़ा और गहिरा भी बनाया गया है, वहां की चिता में आग और बहुत सी लकड़ी हैं; यहोवा की सांस जलती हुई गन्धक की धारा की नाईं उसको सुलगाएगी॥

Psalm 18:15
तब जल के नाले देख पड़े, और जगत की नेवें प्रगट हुई, यह तो यहोवा तेरी डांट से, और तेरे नथनों की सांस की झोंक से हुआ॥

Habakkuk 1:6
देखो, मैं कसदियों को उभारने पर हूं, वे क्रूर और उतावली करने वाली जाति हैं, जो पराए वासस्थानों के अधिकारी होने के लिये पृथ्वी भर में फैल गए हैं।

Ezekiel 22:20
जैसे लोग चान्दी, पीतल, लोहा, शीशा, और रांगा इसलिये भट्ठी के भीतर बटोर कर रखते हैं कि उन्हे आग फूंककर पिघलाएं, वैसे ही मैं तुम को अपने कोप और जलजलाहट से इकट्ठा कर के वहीं रख कर पिघला दूंगा।

Jeremiah 51:20
तू मेरा फरसा और युद्ध के लिये हथियार ठहराया गया है; तेरे द्वारा मैं जाति जाति को तितर-बितर करूंगा; और तेरे ही द्वारा राज्य राज्य को नाश करूंगा।

Isaiah 40:7
जब यहोवा की सांस उस पर चलती है, तब घास सूख जाती है, और फूल मुर्झा जाता है; नि:सन्देह प्रजा घास है।

Isaiah 37:7
सुन, मैं उसके मन में प्रेरणा करूंगा जिस से वह कुछ समचार सुनकर अपने देश को लौट जाए; और मैं उसको उसी देश में तलवार से मरवा डालूंगा॥

Isaiah 14:4
उस दिन तू बाबुल के राजा पर ताना मार कर कहेगा कि परिश्रम कराने वाला कैसा नाश हो गया है, सुनहले मन्दिरों से भरी नगरी कैसी नाश हो गई है!